कुलपति प्रो. राजबीर सिंह ने रक्तदान के लिए प्रेरित किया।

रोहतक, गिरीश सैनी। रक्तदान जीवन दान है। इस महान पुण्य कार्य को करके रक्तदाता किसी भी जरूरतमंद को नया जीवन दे सकता है। हर व्यक्ति को समय-समय पर रक्तदान करना चाहिए। महर्षि दयानंद विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. राजबीर सिंह ने मंगलवार को विवेकानंद पुस्तकालय के पास आयोजित रक्तदान शिविर का शुभारंभ करते हुए यह विचार व्यक्त किए। केन्द्रीय विश्वविद्यालय, कश्मीर के स्कूल ऑफ मीडिया स्टडीज के डीन प्रो. शाहिद रसूल बतौर विशिष्ट अतिथि इस कार्यक्रम में शामिल हुए।
यूथ रेड क्रॉस, लोक प्रशासन विभाग व पं दीन दयाल उपाध्याय सेंटर फॉर एक्सीलेंस फॉर रूरल डेवलपमेंट के सहयोग से आयोजित इस रक्तदान शिविर में 100 यूनिट रक्त एकत्रित किया गया।
कुलपति प्रो. राजबीर सिंह ने रक्तदान शिविर का उद्घाटन किया तथा रक्तदाताओं को बैज लगाकर उनका हौसला बढ़ाया। कुलपति ने रक्तदान की महत्ता पर प्रकाश डालते हुए उपस्थित विद्यार्थियों को रक्तदान के लिए प्रेरित किया। कुलपति ने कहा कि रक्तदान सबसे बड़ा पुण्य का कार्य है और विद्यार्थी खुद भी रक्तदान करें और इस बारे समाज में भी जागरूकता की अलख जगाएं।
लोक प्रशासन विभागाध्यक्ष प्रो. सेवा सिंह दहिया तथा वाईआरसी प्रोग्राम कोऑर्डिनेटर डॉ. अंजू धीमान ने इस रक्तदान शिविर का समन्वयन-संचालन किया। इस दौरान प्रो. एसएस चाहर, प्रो. सोनिया मलिक, डॉ. राजेश कुण्डू, डॉ. समुन्द्र सिंह, डॉ. जगबीर नरवाल, डॉ. आशा शर्मा, डॉ. कविता, एमसी धीमान, जितेन्द्र नैन, स्वामी परमानंद, पीजीआईएमएस से डॉ. अजय और उनकी टीम समेत लोक प्रशासन विभाग के विद्यार्थी, वाईआरसी वालंटियर्स और अन्य विद्यार्थी मौजूद रहे।